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भारत के जिद्द के सामने झुकी अमेरिकी सरकार, हटाएं ये प्रतिबंध

नई दिल्ली : अमेरिकी राष्ट्रपति डोनॉल्ड ट्रंप हमेशा अपने अड़ियल रूख और कड़े व्यवहार के लिए जाने जाते है। लेकिन आज उन्हें भारत के सामने अपने इस व्यवहार को अलग कर नरम व्यवहार अख्तियार करना पड़ा। आपको बता दें कि अमेरिकी सरकार ने 5 नवंबर से भारत समेत दुनिया के तमाम देशों पर ईरान से कच्चे तेल को रोक लगाया था। फिर भी भारत ईरान से कच्चे तेलों का आयात कर रहा था। आखिरकार आज ट्रंप प्रशासन को भारत के इस जिद्द के सामने अपनी हार मान कर यह स्थिति स्पष्ट कर दी की भारत, ईरान से कच्चे तेलों का आयात कर सकता हैं।

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अमेरिकी विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने कहा है कि ईरान पर जारी यूएस के प्रतिबंध सख्ती से लागू रहेंगे। लेकिन जब सवाल भारत का आया तो पोम्पियो ने कहा कि भारत पर ईरान से तेल खरीदने की मनाही नहीं है। हालांकि, अब तक ट्रंप प्रशासन की तरफ से यह कहा जा रहा था कि उसने चीन और भारत समेत तुर्की, इराक, इटली, जापान और दक्षिण कोरिया से कहा है कि वह जितना जल्द हो सके ईरान से तेल खरीद को पूरी तरह बंद कर दे। लेकिन भारत के अलावा चीन और जापान की यह छूट जारी रखी गई है। न्यूज एजेंसी एएनआई के अनुसार, इन तीनों देशों के अलावा तुर्की, ग्रीस, इटली, साउथ कोरिया और ताइवान को भी प्रतिबंध से बाहर रखा गया है।

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माइक पोम्पियो ने ये भी साफ कर दिया है कि इन सभी देशों को ईरान से तेल खरीदने की यह छूट अस्थायी तौर पर दी गई है। उन्होंने कहा कि विशेष परिस्थितियों के आधार पर यह फैसला लिया गया है। आपको बता दें कि अमेरिका ने ईरान के बैंकिंग और पेट्रोलियम क्षेत्र पर यह पाबंदी लागू की है, जिसके तहत ईरान से तेल खरीदने वाले यूरोप, एशिया तथा अन्य सभी देशों और कंपनियों पर भी प्रतिबंधात्मक कार्रवाई का प्रावधान है।

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